Sushant Singh Rajput Death Anniversary: 14 जून बॉलीवुड के लिए काला दिन बन गया और वजह है सुशांत सिंह राजपूत का निधन. बॉलीवुड के प्रतिभाशाली कलाकार सुशांत को आज भी याद किया जाता है, उन्होंने अपनी मेहनत और प्रतिभा के दम पर टीवी से बॉलीवुड तक का लंबा सफर तय किया. उनकी असामयिक मृत्यु ने न केवल फिल्म इंडस्ट्री बल्कि करोड़ों प्रशंसकों को भी झकझोर कर रख दिया था. उनकी पुण्यतिथि पर लोग आज भी उनके अभिनय, सपनों और संघर्षों को याद करते हैं.
21 जनवरी 1986 को पटना में जन्में सुशांत सिंह राजपूत की शुरुआती पढ़ाई पटना में ही हुई लेकिन आगे की पढ़ाई के लिए वह दिल्ली आए. यहां एक डांस ग्रुप भी ज्वाइन किया जिसके जरिए वह मुंबई फिल्मी दुनिया में पहुंच गए. इसके बाद टीवी सीरियल से बॉलीवुड फिल्मों तक का सफर पूरा किया लेकिन महज 34 की उम्र में सुशांत ने दुनिया को अलविदा कह दिया. आइए आपको उनके बारे कुछ सुनी और कुछ अनसुनी बातें बताते हैं.
कैसे हुई थी सुशांत सिंह राजपूत की मौत? (Sushant Singh Rajput Death Anniversary)
14 जून 2020 को मुंबई स्थित अपने आवास पर सुशांत सिंह राजपूत मृत पाए गए थे. इस घटना के बाद पूरे देश में शोक की लहर दौड़ गई थी. मामले की जांच विभिन्न एजेंसियों ने की और इसे लेकर लंबे समय तक चर्चा होती रही. उनकी मृत्यु के बाद सोशल मीडिया पर भी लाखों लोगों ने उन्हें श्रद्धांजलि दी और उनके योगदान को याद किया.
हालांकि इस मामले को लेकर वर्षों तक कई तरह की चर्चाएं और अटकलें लगती रहीं, लेकिन आधिकारिक जांच एजेंसियों की रिपोर्टों के अनुसार किसी साजिश या आपराधिक षड्यंत्र के ठोस प्रमाण सामने नहीं आए. उनकी मृत्यु ने मानसिक स्वास्थ्य, मनोरंजन उद्योग के दबाव और कलाकारों के संघर्ष जैसे मुद्दों को भी जन्म दिया. पुलिस ने सुशांत की मृत्यु को सुसाइड ही बताया लेकिन उनकी फैमिली और फैंस आज भी इसे हत्या समझते हैं.
सुशांत सिंह राजपूत का फिल्मी करियर (Sushant Singh Rajput Bollywood Career)
दिल्ली कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग में एडमिशन लेने के बाद भी सुशांस सिंह राजपूत का मन अभिनय और डांस के पीछे भागता था. पढ़ाई के बीच में समय निकालकर वह डांस एकेडमी भी पहुंच जाते थे. डांस के इसी जुनून ने उन्हें इंजीनियरिंग की पढ़ाई बीच में छोड़कर मनोरंजन जगत की ओर बढ़ने के लिए प्रेरित किया. यह फैसला आसान नहीं था, क्योंकि उस समय उनके पास न तो फिल्मी पृष्ठभूमि थी और न ही इंडस्ट्री में कोई मजबूत पहचान. अभिनेता बनने से पहले सुशांत ने कई बड़े कार्यक्रमों में बैकग्राउंड डांसर के रूप में काम किया. उन्होंने प्रसिद्ध कोरियोग्राफर Shiamak Davar के डांस ग्रुप के साथ भी काम किया.

इसके बाद उन्होंने टेलीविजन की दुनिया में कदम रखा. शुरुआती दौर में कुछ छोटे किरदार निभाने के बाद उन्हें टीवी शो Pavitra Rishta से बड़ी पहचान मिली. इस धारावाहिक में निभाए गए ‘मानव’ के किरदार ने उन्हें घर-घर में लोकप्रिय बना दिया. उनकी सादगी, अभिनय और स्क्रीन प्रेजेंस ने दर्शकों का दिल जीत लिया. टीवी इंडस्ट्री में सफलता मिलने के बाद उन्होंने बड़े पर्दे की ओर रुख किया.
बॉलीवुड में धमाकेदार एंट्री (Sushant Singh Rajput Bollywood Career)
साल 2013 में रिलीज हुई Kai Po Che सुशांत सिंह राजपूत की पहली बॉलीवुड फिल्म थी. इस फिल्म में उनके अभिनय को समीक्षकों और दर्शकों दोनों ने खूब सराहा. पहली ही फिल्म से उन्होंने साबित कर दिया कि वह केवल टीवी स्टार नहीं बल्कि एक सक्षम अभिनेता भी हैं. इसके बाद उन्होंने कई सफल फिल्मों में काम किया, जिनमें शामिल हैं जैसे- Shuddh Desi Romance (2014), Detective Byomkesh Bakshy (2015), M.S. Dhoni: The Untold Story (2016), Raabta (2017), Kedarnath (2018), Chhichhore (2019) फिल्में शामिल हैं. इन फिल्मों में विशेष रूप से ‘एम.एस. धोनी: द अनटोल्ड स्टोरी’ और ‘छिछोरे’ को दर्शकों ने बेहद पसंद किया. भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान Mahendra Singh Dhoni की भूमिका निभाकर उन्होंने अपने अभिनय का लोहा मनवाया. सुशांत की आखिरी फिल्म दिल बेचारा (2020) थी जो उनकी मृत्यु के बाद जुलाई में ओटीटी पर रिलीज हुई थी.
सपनों की लंबी सूची रखने वाले अभिनेता (Sushant Singh Rajput Unfulfilled Dream)
सुशांत केवल अभिनेता ही नहीं थे, बल्कि विज्ञान, खगोलशास्त्र और नई चीजें सीखने के प्रति भी बेहद उत्साहित रहते थे. उन्होंने अपने जीवन में पूरे करने के लिए 50 सपनों की एक सूची बनाई थी, जिसकी चर्चा अक्सर सोशल मीडिया पर होती रही. उनकी रुचि अंतरिक्ष विज्ञान, तकनीक, पुस्तकों और शिक्षा जैसे विषयों में भी थी. यही वजह थी कि प्रशंसक उन्हें एक अलग सोच रखने वाले कलाकार के रूप में देखते थे. सुशांत सिंह राजपूत की पुण्यतिथि पर हर साल उनके प्रशंसक सोशल मीडिया पर उन्हें याद करते हैं. उनकी फिल्मों के संवाद, तस्वीरें और प्रेरणादायक वीडियो साझा किए जाते हैं.
एक छोटे शहर से निकलकर राष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाने की उनकी कहानी आज भी लाखों युवाओं को प्रेरित करती है. सुशांत सिंह राजपूत का जीवन इस बात का उदाहरण है कि मेहनत, लगन और सपनों के प्रति समर्पण व्यक्ति को ऊंचाइयों तक पहुंचा सकता है. पटना से मुंबई तक का उनका सफर संघर्षों से भरा रहा, लेकिन उन्होंने हर चुनौती का सामना करते हुए अपनी अलग पहचान बनाई. उनकी फिल्में, उनके किरदार और उनके सपने आज भी लोगों के दिलों में जिंदा हैं. उनकी पुण्यतिथि पर देश उन्हें एक प्रतिभाशाली अभिनेता और प्रेरणादायक व्यक्तित्व के रूप में याद कर रहा है.