Raj Kapoor Nargis Love Story: बॉलीवुड फिल्मों में अलग-अलग कई लव स्टोरीज देखने को मिली. कभी किसी कहानी ने रुला दिया तो कभी किसी कहानी ने दिलों को जीत लिया. फिल्मों की कहानी जैसी ही बॉलीवुड की फेवरेट जोड़ियों में एक राज कपूर और नरिगस की लव स्टोरी भी शामिल है. बताया जाता है कि राज कपूर और नरगिस एक दूसरे से बहुत प्यार करते थे लेकिन कभी एक ना हो पाए. इन्होने कई फिल्मों में साथ काम किया और उस दौर में उनकी जोड़ी को खूब पसंद भी किया जाता था.
राज कपूर एक ऐसे फिल्ममेकर थे जिनकी लाइफ में जो कुछ भी घटता था वो फिलोमो के सीन में दिखा दिया करते थे. नरगिस के साथ की उनकी पहली मुलाकात भी उन्होंने फिल्म बॉबी (1948) में दिखाया था. खैर आइये आपको राज कपूर और नरगिस के मिलने और बिछड़ने की वो अधूरी प्रेम कहानी के बारे में बताते हैं.
राज कपूर और नरगिस की प्रेम कहानी (Raj Kapoor Nargis Love Story)
बात 1947 के आस पास की है जब राज कपूर अपनी आने वाली फिल्म के सिलसिले में उस दौर की एक्ट्रेस और कंपोजर जद्दनबाई से मिलने उनके घर गए थे. यहां जब राज कपूर ने दरवाजा खटखटाया तो सामने से नरगिस आईं. बताया जाता है की नरगिस को देखकर राज कपूर कुछ देर के लिए स्टैचू बन गए थे. जब वो वापस आये तो उन्होंने ठान लिया कि फिल्म आग की हीरोइन नरगिस ही बनेंगी.

ये उनके प्रोडक्शन RK Studio की पहग्ली फिल्म थी फिर भी उन्होंने रिस्क लिया और फिल्म 1948 में रिलीज हुई जो फ्लॉप रही. 1949 में इसी प्रोडक्शन में दूसरी फिल्म बरसात बनी जिसमे राज कपूर एक बार फील लीड एक्टर और नरगिस लीड एक्ट्रेस बनीं. फिल्म बरसात हिट हुई और साथ राज कपूर के साथ नरगिस की जोड़ी सुपरहिट हो गई. नरगिस और राज कपूर ने साथ में अंदाज, आवारा, श्री 420, चोरी चोरी, आह, अनहोनी, बेवफा, धुन, आशियाना, पापी, जान पहचान जैसी कई फिल्में कीं.
1947 में हुई मुलाकात 1956 तक राज कपूर ने साथ में फिल्में कीं. इनकी साथ में आखरी फिल्म जागते रहो (1956) जिसमें नरगिस का सिर्फ एक कैमिया ही था. लगभग 10 साल नरगिस और राज कपूर ने कई फिल्में कीं और प्यार भी खूब रहा, लेकिन उन 10 सालों में ऐसा क्या हुआ था जिसकी वजह से राज कपूर और नरगिस अलग हो गए थे? तो चलिए उसके बारे में बताते हैं.
क्यों अलग हुए थे राज कपूर और नरगिस? (Raj Kapoor Nargis Breakup Story)
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, राज कपूर नरगिस से बहुत प्यार करते थे लेकिन वो पहले से मैरिड थे और उनके बच्चे भी थे. नरगिस एक रिस्पेक्टफुल लाइफ चाहती थीं लेकिन राज कपूर दूसरी शादी नहीं कर सकते थे. हालांकि, बताया जाता है कि राज ने अपने पिता पृथ्वीराज कपूर से दूसरी शादी का जिक्र किया था जिसे उन्होंने ने सिरे से नकार दिया था. उनका कहना था कि राज नरगिस को रख तो सकते हैं लेकिन शादी नहीं कर सकते.

जब राज ने नरगिस को अपने पिता की ये बात नरगिस को बताई तब ही नरगिस का दिल टूट गया. नरगिस ने काफी कोशिश की लेकिन शादी नहीं हो पाई इस वजह से नरगिस राज से दूरियां बनाने लगी थीं और उनकी दोस्ती सुनील दत्त से हुई थी. सुनील नरगिस के बड़े फैन थे और एक फिल्म के सेट पर जब उन्होंने नरगिस की जान बचाई तब नरगिस के दिल में भी उनके लिए खास जगह बन गई थी.

नरगिस का दिल टूटा था और सुनील दत्त नरगिस से शादी करने को तैयार थे इसी में दोनों ने 1957 में शादी कर ली थी. सुनील दत्त से शादी के बाद नरगिस को मिसेज दत्त का टैग दिया और वो हमेशा से यही चाहती थीं. वहीं राज कपूर भी अपनी लाइफ में आगे बढ़ गए थे लेकिन समय समय पर उन्होंने फिल्मों के जरिए अपने और नरगिस के किस्सों को दिखाया.